उत्तराखंड की लोकप्रिय सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर तनु रावत एक बार फिर सुर्खियों में हैं। वजह है उनका एक वायरल वीडियो, जिसने सोशल मीडिया पर विवाद खड़ा कर दिया है। इस वीडियो में वह जयराम आश्रम, ऋषिकेश में डांस करती दिखाई दे रही हैं। वीडियो में माथे पर तिलक लगाए और पारंपरिक लुक में डांस करती तनु रावत पर धार्मिक मर्यादा भंग करने के आरोप लगे हैं। यही कारण है कि अब यह मुद्दा तेजी से बढ़ता जा रहा है और हर जगह Tanu Rawat Controversy की चर्चा हो रही है।
कौन हैं तनु रावत ?
तनु रावत उत्तराखंड की जानी-मानी डांसर और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर हैं। इंस्टाग्राम और यूट्यूब पर उनके लाखों फॉलोअर्स हैं। वह अपने ऊर्जावान डांस वीडियो और ट्रेंडिंग रील्स के लिए जानी जाती हैं। तनु अक्सर पहाड़ी लोकगीतों और बॉलीवुड गानों पर डांस कर दर्शकों का दिल जीतती हैं।
लेकिन इस बार उनका नया वीडियो Tanu Rawat Controversy का कारण बन गया है, जिसने धार्मिक और सामाजिक संगठनों को नाराज़ कर दिया है।
विवाद कैसे शुरू हुआ?
मामला तब शुरू हुआ जब तनु रावत ने हाल ही में एक डांस वीडियो शूट किया, जो ऋषिकेश के जयराम आश्रम में फिल्माया गया था। बताया जा रहा है कि यह वीडियो आश्रम के एक कमरे में शूट हुआ और बाद में इसे इंस्टाग्राम पर अपलोड किया गया।
वीडियो में तनु माथे पर तिलक लगाए और छोटे कपड़ों में डांस करती दिखीं। कई लोगों ने इसे धार्मिक स्थल की “मर्यादा के विपरीत” बताया। यही वजह रही कि वीडियो वायरल होते ही हिंदू संगठनों में गुस्सा फैल गया।
हिंदू संगठनों की आपत्ति
Tanu Rawat Controversy तब गंभीर रूप से उभरकर सामने आई जब हिंदू शक्ति संगठन के कुछ सदस्यों ने वीडियो के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया।
संगठन के प्रदेश अध्यक्ष राघव भटनागर ने कहा:
“यह आश्रम श्रीराम के नाम पर स्थापित है। यहां इस तरह का वीडियो बनाना धार्मिक मर्यादा का अपमान है। आश्रम की पवित्रता से खिलवाड़ करने की अनुमति किसी को नहीं दी जा सकती।”
भटनागर ने आगे कहा कि आश्रम परिसर में इस तरह के शूट की इजाजत किसी को नहीं थी। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से कार्रवाई की मांग की है।
तनु रावत की सफाई
विवाद बढ़ने के बाद तनु रावत ने अपनी बात रखी। एक वायरल वीडियो में वह यह कहते हुए दिखाई दीं:
“आप कौन होते हैं मुझे रोकने वाले? अगर आपको आपत्ति है तो आप मुझसे जाने के लिए कह सकते हैं, लेकिन इस तरह बात करना सही नहीं है।”
उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य किसी की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं था। वीडियो शूट के दौरान उन्होंने किसी नियम का उल्लंघन नहीं किया।
मौके पर हुआ हंगामा
सूत्रों के अनुसार, जब वीडियो वायरल हुआ तो कुछ संगठन के सदस्य सीधे जयराम आश्रम पहुंच गए। उन्होंने आश्रम प्रशासन से शिकायत की और तनु रावत से माफी की मांग की।
मौके पर बहस और हंगामा हुआ, जिसके बाद तनु को वहां से जाना पड़ा। हालांकि, इस घटना का एक और वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आया है, जिसमें तनु और प्रदर्शनकारियों के बीच बहस होती दिखाई देती है।
जयराम आश्रम का इतिहास और महत्व
जयराम आश्रम ऋषिकेश के सबसे पुराने और प्रमुख धार्मिक स्थलों में से एक है। इसकी स्थापना स्वर्गीय देवेंद्र स्वरूप ब्रह्मचारी ने की थी। यह स्थान साधना, भजन-कीर्तन और धार्मिक प्रवचनों के लिए जाना जाता है।
आश्रम के अनुयायियों का कहना है कि यहां किसी भी प्रकार की मनोरंजन गतिविधि या अशोभनीय वीडियो शूट धार्मिक आस्था के विपरीत है। इसी वजह से Tanu Rawat Controversy ने इतना बड़ा रूप ले लिया है।
सोशल मीडिया पर प्रतिक्रियाएं
सोशल मीडिया दो हिस्सों में बंट गया है।
एक ओर वे लोग हैं जो तनु रावत का समर्थन कर रहे हैं, उनका कहना है कि यह सिर्फ एक “डांस वीडियो” था और इसे विवाद का रूप देना गलत है।
वहीं, दूसरी ओर कई यूजर्स का मानना है कि धार्मिक स्थलों पर ऐसे वीडियो बनाना अनुचित है।
| पक्ष | लोगों की राय |
|---|---|
| समर्थन में | “वह एक कलाकार हैं, उनका मकसद किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं था।” |
| विरोध में | “धार्मिक स्थानों की गरिमा बनाए रखना जरूरी है, ऐसे वीडियो अनुचित हैं।” |
प्रशासन की प्रतिक्रिया
अब यह मामला प्रशासन तक पहुंच गया है। स्थानीय पुलिस ने कहा कि उन्हें इस मामले की जानकारी मिली है और जांच की जा रही है कि वीडियो शूट की अनुमति ली गई थी या नहीं। यदि किसी धार्मिक स्थल की मर्यादा भंग करने की बात साबित होती है, तो आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
क्या यह विवाद तनु रावत के करियर को प्रभावित करेगा?
तनु रावत की लोकप्रियता सोशल मीडिया पर बहुत अधिक है। वह उत्तराखंड की सबसे चर्चित इन्फ्लुएंसर्स में गिनी जाती हैं। लेकिन Tanu Rawat Controversy ने उनके ब्रांड इमेज पर असर डाला है।
कई फॉलोअर्स ने उनके वीडियो को अनफॉलो करने की बात कही, वहीं कुछ लोगों ने उनका समर्थन भी जारी रखा।
भविष्य में यह विवाद तनु के लिए चुनौती बन सकता है, खासकर जब ब्रांड्स और प्रोडक्शन हाउस इस तरह के मामलों को गंभीरता से लेते हैं।
निष्कर्ष
Tanu Rawat Controversy यह दिखाती है कि सोशल मीडिया की ताकत और जिम्मेदारी दोनों कितनी बड़ी हैं। एक साधारण डांस वीडियो भी तब विवाद का कारण बन सकता है, जब वह धार्मिक या सांस्कृतिक संवेदनाओं से जुड़ जाए।
तनु रावत के लिए यह घटना एक सबक बन सकती है — कि कलाकार होने के साथ-साथ उन्हें अपने कार्य की सामाजिक और धार्मिक सीमाओं का भी ध्यान रखना चाहिए।
फिलहाल यह मामला जांच में है, और आने वाले दिनों में यह तय होगा कि इस विवाद का अंत कैसे होता है।





